आर्य कन्या डिग्री कॉलेज के संस्कृत विभाग में व्याख्यान हुआ आयोजित

प्रयागराज
आर्य कन्या डिग्री कॉलेज के संस्कृत विभाग में व्याख्यान कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें संस्कृत विभाग इलाहाबाद विश्वविद्यालय से मुख्य वक्ता के रूप में प्रो. निरूपमा त्रिपाठी रहीं । इन्होंने मुख्य वक्तय में कहा कि उत्तररामचरित में लोकाराधन ही श्रीराम का मूल है । इन्होंने कहा कि इसीलिए करुण रसप्रधान होते हुए भी उत्तररामचारित सुखान्त नाटक है । शासी निकाय के अध्यक्ष श्री पंकज जायसवाल जी ने कहा कि व्यक्ति को राम के समान आचरण करना चाहिए न कि रावण के समान । तभी नैतिक समाज की स्थापना सम्भव हो सकती है। कॉलेज की प्राचार्या ने अतिथियों का स्वागत किया एवं विषय को उपस्थापित किया । कार्यक्रम को कॉलेज की चीफ प्रॉक्टर डॉ. रंजना त्रिपाठी ने सम्बोधित करते हुए कहा की आज समाज में परिवार को बनाए रखने के लिए राम कथा से अनुपम उदाहरण और कोई नहीं l कार्यक्रम का संचालन डॉ० आरती सरोज ने किया । धन्यवाद ज्ञापन डॉ० सोनमती पटेल ने किया । कार्यक्रम का संयोजन डॉ0 निशा खन्ना एवं डॉ० पूजा जायसवाल ने किया।कार्यक्रम में उपप्राचार्या प्रो. इभा सिरोठिया , डीन अंजू , डॉ. श्यामकान्त , डॉ अमित , डॉ. सव्यसाची , डॉ. मुदिता , डॉ० ज्योति , डॉ. शशि , डॉ० सोनम डॉ. रागिनी डॉ0 श्रुति डॉ० दामिनी एवं समस्त शिक्षक शिक्षिकाएं एवं छात्र अधिकाधिक संख्या में उपस्थित रहे।
