भारतीय संस्कृति में गौमाता का महत्व विशेष:सीडीओ

रिपोर्ट अब्दुल वाहिद
भदोही। जन्माष्टमी पर गौवंश के संरक्षण एवं संवर्धन को प्राथमिकता देते हुए स्थानीय गौशालाओं में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। सीडीओ बाल गोविंद शुक्ल व सीवीओ डॉ.एके सचान द्वारा मूंसीलाटपुर एवं बैदाखास स्थित गौशालाओं में गोपूजन कर गौमाता को पुष्पमाला, टीका लगाकर तथा श्रद्धापूर्वक चारा खिलाया गया। सीडीओ ने कहा कि भारतीय संस्कृति में गौमाता का विशेष महत्व है। गोवंश सिर्फ आस्था का ही नहीं बल्कि हमारी अर्थव्यवस्था और ग्रामीण आजीविका का भी आधार है। शासन के मंशानुरूप जनपद में निरंतर गौवंश के संरक्षण और बेहतर देखभाल की व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है। इसी तरह जनपद के अन्य अधिकारियों द्वारा अन्य गौशालाओं सागररायपुर, नारेपार, भावापुर, फुलवरिया, इब्राहिमपुर आदि में गायों की पूजा कर चारा खिलाते हुए उनके संरक्षण व महत्व पर बल दिया गया। इस दौरान अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने भी गौसेवा का संकल्प लिया और गौशाला में स्वच्छता, पौष्टिक आहार तथा नियमित देखभाल पर विशेष ध्यान देने की बात कहीं। कार्यक्रम में उपस्थित ग्रामीणों ने डीएम के इस प्रयास की सराहना की और कहा कि इससे समाज में गौसेवा की भावना और अधिक प्रबल होगी। इस प्रकार गौपूजन एवं चारा खिलाने का यह आयोजन जनपद में गौसंवर्धन व संरक्षण की दिशा में एक प्रेरणादायी पहल सिद्ध हुआ।
