भिवंडी में पुलिस स्टेशन के सीसीटीवी फुटेज से छेड़छाड़
पुलिस नाइक सहित दो के खिलाफ मामला दर्ज
मुंबई श्रीकेश चौबे:-
भिवंडी के भोईवाडा पुलिस स्टेशन में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज से छेड़छाड़ कर महत्वपूर्ण सबूत नष्ट करने का गंभीर मामला सामने आया है। इस मामले में पुलिस नाइक उमेश चंद्रभान नागरे और एक सीसीटीवी तकनीशियन के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की गई है। आरोप है कि कार आरोपी को पुलिस कारवाई के बचाने के लिए आर्थिक लेन-देन कर पुलिस स्टेशन के सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग डिलीट कर दी गई थी।
पुलिस में दर्ज शिकायत के मुताबिक, पुलिस नाइक नागरे पहले भिवंडी के भोईवाडा पुलिस स्टेशन में नियुक्त थे। इस समय वह उल्हासनगर नियंत्रण कक्ष में तैनात हैं। शिकायत में बताया गया है कि भिवंडी निवासी फरिदाबानो अल्ताफ अहमद मोमिन ने इस्म उर्फ अख्तर अली अब्बास अली मोमिन के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। आरोप है कि संबंधित मामले में कार्रवाई करने के बजाय आरोपी को बचाने के लिए पुलिस नागरे ने उससे आर्थिक लेन-देन किया और उसे पुलिस स्टेशन से
भोईवाडा पोलीस ठाणे (मिली)
टेक्नीशियन की मदद से फुटेज डिलीट करवाई थी
जांच में पता चला कि 14 मार्च 2025 रात 11:08 बजे के बाद के फुटेज हैं, लेकिन उससे पहले की रिकॉर्डिंग हार्ड डिस्क से गायब है। आरोप है कि नागरे ने टेक्नीशियन की मदद से वह फुटेज डिलीट करवाई। शिकायत में कहा गया है कि सुप्रीम कोर्ट के परमवीर सिंह सैनी केस के आदेश के मुताबिक पुलिस स्टेशन में सीसीटीवी फुटेज 12 से 18 महीने तक रखना जरूरी है। फिर भी डिलीट करना कोर्ट की अवहेलना और सबूत मिटाना है।
फरार होने में मदद की। मामले की जांच के दौरान भोईवाडा पुलिस स्टेशन के सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग डिलीट करने की जानकारी सामने आई।
