समदरिया स्कूल पहुंचे सक्षम के राष्ट्रीय संगठन मंत्री, संस्कार एवं आधुनिक शिक्षा पर दिया बल

प्रयागराज। हुडसा संस्था द्वारा संचालित समदरिया स्कूल ऑफ स्पेशल एजुकेशन, दादूपुर का आज सक्षम के राष्ट्रीय संगठन मंत्री चंद्रशेखर जी ने भ्रमण किया। इस दौरान उन्होंने विद्यालय की गतिविधियों का अवलोकन किया तथा संस्था की प्रगति, भविष्य की योजनाओं और दिव्यांग बच्चों के समग्र विकास पर विस्तार से चर्चा की।
अपने संबोधन में चंद्रशेखर जी ने कहा कि बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए केवल पुस्तकीय शिक्षा ही पर्याप्त नहीं है। उनमें संस्कार, भारतीय संस्कृति तथा पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता विकसित करना भी उतना ही आवश्यक है। ऐसे संस्कार ही बच्चों को जिम्मेदार, संवेदनशील और आत्मनिर्भर नागरिक बनाते हैं।
सक्षम के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष कमला कान्त पाण्डेय ने कहा कि बच्चों के व्यक्तित्व विकास के लिए विज्ञान, कंप्यूटर शिक्षा और संगीत का समन्वित प्रशिक्षण समय की आवश्यकता है। उन्होंने विद्यालय में इन तीनों क्षेत्रों को एकीकृत रूप से विकसित करने पर बल देते हुए कहा कि इससे बच्चों की प्रतिभा को नई उड़ान मिलेगी और वे आधुनिक युग की चुनौतियों का आत्मविश्वास के साथ सामना कर सकेंगे।
कार्यक्रम में उपस्थित पूर्व आईजी पुलिस एवं विश्व हिन्दू परिषद, काशी प्रान्त के अध्यक्ष के. पी. सिंह ने पर्यावरण शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि बच्चों में बचपन से ही प्रकृति प्रेम, वृक्षारोपण, जल संरक्षण तथा स्वच्छता के संस्कार विकसित किए जाने चाहिए। यही भावी पीढ़ी को पर्यावरण संरक्षण के प्रति उत्तरदायी बनाएगा।
अतिथियों ने विद्यालय की शैक्षिक एवं सामाजिक गतिविधियों की सराहना करते हुए हुडसा द्वारा बच्चों के उत्थान के लिए किए जा रहे प्रयासों की प्रशंसा की तथा संस्था के नवाचार आधारित शिक्षा कार्यक्रमों में हरसंभव सहयोग और मार्गदर्शन का आश्वासन दिया।
इस अवसर पर आलोक मालवीय, राजू भैया, राकेश सिंगर, डॉ. रंजन बाजपेई, डॉ. मणि शंकर द्विवेदी, कादम्बरी द्विवेदी, रूपा चतुर्वेदी, हुमा हैदर, सरिता सिंह, आकृति मौर्य सहित विद्यालय परिवार के सदस्य एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
