सेंट जोसेफ्स स्कूल, नैनी ने अपने वार्षिक दिवस समारोह 2025 को धूमधाम से मनाया

नैनी
सेंट जोसेफ्स स्कूल, नैनी ने अपने वार्षिक दिवस को “विंग्स ऑफ होप” (आशा के पंख) थीम पर भव्यता और उत्साह के साथ मनाया। यह समारोह ऊर्जा, उल्लास और मनोहर प्रस्तुतियों से गूंज उठा।
कार्यक्रम की शोभा बढ़ाने हेतु मुख्य अतिथि के रूप में इलाहाबाद उच्च न्यायालय की माननीय न्यायमूर्ति श्रीमती मंजू रानी चौहान उपस्थित रहीं।
साथ ही इस अवसर पर अध्यक्ष मोस्ट रेव. डॉ. लुईस मास्कारेनहास, बिशप– रोमन कैथोलिक डायोसीज़ ऑफ इलाहाबाद; रेव. मॉन्सिन्योर फादर रेजिनाल्ड डी’सूज़ा (विकार जनरल); रेव. फा. यूजीन मास्कारेनहास (प्रबंधक– सेंट जोसेफ़ विद्यालय, नैनी); रेव. फा. जैकब बोना डी’सूज़ा; रेव. फा. जोसेफ सगयनाथन; रेव. सिस्टर प्रिंसिपल CSN (नाज़रेथ हॉस्पिटल स्कूल ऑफ नर्सिंग); विशिष्ट रेवरेण्ड फादर्स; तथा सिस्टर सुपीरियर कम्युनिटी FDCC, CSS, CJ और DSH भी उपस्थित रहे। अभिभावकों की गौरवपूर्ण उपस्थिति ने कार्यक्रम की शोभा को और बढ़ाया।
सेंट जोसेफ़ विद्यालय, नैनी परिवार के मुखिया, प्रिंसिपल रेव. फा. मेल्विन विल्सन डी’सूज़ा ने औपचारिक स्वागत कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। विद्यार्थियों ने अपनी मनमोहक व भावपूर्ण प्रस्तुति से सभी दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। विभिन्न नृत्य-नाट्यों व आकर्षक सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने दर्शकों का हृदय जीत लिया।
कार्यक्रम विविध रंगों का संगम था, जिसने थीम को सुंदरता से प्रस्तुत किया। पश्चिमी व भारतीय लोकनृत्यों ने वातावरण को उत्साह से भर दिया। आकर्षक परिधानों और सुसंगठित प्रस्तुति ने कार्यक्रम को दृश्य रूप से अत्यंत मनोहारी बना दिया।
मुख्य अतिथि ने अपने संबोधन में कहा कि विद्यार्थियों ने अपनी प्रतिभा के बल पर विशेष पहचान बनाई है। उन्होंने यह भी कहा कि छात्रों को उत्कृष्ट शिक्षा के साथ-साथ अच्छे संस्कार और नैतिक मूल्यों को भी अपनाना चाहिए, ताकि वे राष्ट्र की सेवा प्रभावी रूप से कर सकें।
अपने संदेश में मोस्ट रेव. डॉ. लुईस मास्कारेनहास, बिशप–डायोसीज़ ऑफ इलाहाबाद ने संपूर्ण SJS नैनी परिवार को इस मनमोहक और प्रभावशाली कार्यक्रम के लिए बधाई दी, जिसके माध्यम से “विंग्स ऑफ होप” का संदेश अत्यंत प्रभावी रूप से प्रस्तुत हुआ। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) आने वाली पीढ़ियों के लिए आशा की किरण है। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि आशा कभी निराश नहीं करती; यह जीवन की मूलभूत आवश्यकता है, और शिक्षा का वास्तविक उद्देश्य केवल ज्ञान प्रदान करना नहीं, बल्कि संपूर्ण शिक्षण और सही मूल्यों का विकास करना है।
उन्होंने प्रिंसिपल रेव. फा. मेल्विन विल्सन डी’सूज़ा और संपूर्ण स्टाफ को उनके उत्कृष्ट टीमवर्क, कोरियोग्राफी और समर्पण के लिए बधाई दी, जो कार्यक्रम के शैक्षिक और सह-शैक्षिक दोनों पक्षों में स्पष्ट रूप से दिखाई दिया।
अंततः, यह रोमांचक प्रस्तुति एक अविस्मरणीय अनुभव बनकर सामने आई—प्रतिभा, उत्साह और उमंग का अद्वितीय प्रदर्शन।
