सनातन परंपरा के 16 संस्कारों में पहला संस्कार है गर्भाधान संस्कार
सनातन परंपरा के 16 संस्कारों में पहला संस्कार है गर्भाधान संस्कार
लेख-डॉ दीप्ति योगेश्वर
(योगाचार्या व भौतिक चिकित्सक)
गर्भधारण-- ईश्वर ने स्त्री को वरदान स्वरूप एक प्रक्रिया दी है जिससे लगभग प्रत्येक महिला होकर गुजरती है। गर्भधारण परिवार में नए सदस्य के आने का संकेत व समाज में तालमेल बढ़ाने की ओर एक कदम है एवं वंश बढ़ाने की एक परंपरा है। गर्भधारण सनातन के 16 संस्कारों में से प्रथम संस्कार गर्भ संस्कार है, जो मानव जाति मे सामान्यता 9 महीने का गर्भ काल माना गया है । जिसमें एक स्वस्थ माता स्वस्थ शिशु को जन्म देती है इसी प्रकरण में यदि गर्भ से जुड़े कुछ प्रक्रियाओं की बात करें तो उसमें सबसे मुख्य प्रक्रिया है आखरी गर्भकाल प्रक्रिया अर्थात प्रसव क्रिया। पुराने जमाने में प्रसव घरों में आया, दाई जो कि प्रसव विशेषज्ञ हुआ करती थी उनसे कराया जाता था। जिसमें पूर्व समय में भी हाइजीन का विशेष...









